वेदांता लिमिटेड ऑफर प्राइस बढ़ाकर 230-240 रुपए कर सकती है, पिछले साल कम भाव की वजह से लगा था झटका
 


देश की प्रमुख माइनिंग कंपनी वेदांता लिमिटेड ओपन ऑफर का प्राइस बढ़ा सकती है। यह 230-240 रुपए प्रति शेयर हो सकती है। कंपनी ने इसी साल जनवरी में 37.2 करोड़ शेयरों के लिए ओपन ऑफर लाने की घोषणा की, जो कंपनी की कुल 10% हिस्सेदारी है।

शेयर में लगातार बढ़त जारी

ऑफर प्राइस बढ़ाने की प्रमुख वजह शेयरों के भाव में बढ़ोतरी है, जो जनवरी से अब तक करीब 28% बढ़कर 226 रुपए प्रति शेयर पर कारोबार कर रहा है, जो 29 जनवरी को 161.20 रुपए पर था। कंपनी ने जनवरी में ऑफर प्राइस 160 रुपए प्रति शेयर तय किया था। शेयर ने निवेशकों को अब तक हफ्तेभर में 5.3% और महीने में 24.40% का पॉजिटिव रिटर्न दिया है।

LIC बेच सकती है वेदांता में अपनी हिस्सेदारी

सूत्रों के मुताबिक इस बार भारतीय जीवन बीमा निगम (LIC) अपनी हिस्सेदारी बेच सकती है। क्योंकि ओपन ऑफर प्राइस मौजूदा शेयर भाव प्राइस से ज्यादा है। वेदांता लिमिटेड में LIC की 6.37% हिस्सेदारी है। पिछले साल अक्टूबर में LIC ने प्राइस कम होने की वजह से हिस्सेदारी नहीं बेची थी। कंपनी में प्रमोटर की हिस्सेदारी 55.11% है।

ओपन ऑफर के लिए जेपी मॉर्गन अहम भूमिका में होगी

ओपन ऑफर का मैनेजर जेपी मॉर्गन की भारतीय यूनिट होगी। जनवरी की एक्सचेंज फाइलिंग में कंपनी ने बताया था कि 37.2 करोड़ शेयरों में वेदांता रिसोर्स लिमिटेड के साथ PAC 1 में ट्विन स्टार होल्डिंग, PAC 2 में वेदांत होल्डिंग मॉरिशस लिमिटेड और PAC 3 में वेदांता होल्डिंग मॉरिशस लिमिटेड के शेयर शामिल हैं।

दिसंबर में कंपनी ने बेची थी एक अरब डॉलर की सिक्योरिटी

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक कंपनी ने पिछले साल 10 दिसंबर को ही एक अरब डॉलर की सिक्योरिटी बेची थी, जो 2020 में एशिया के सबसे ऊंचे डॉलर बॉन्ड यील्ड में शुमार रही। कंपनी ने कहा कि उसकी योजना इस रकम से जून 2021 में 67 करोड़ डॉलर के बायबैक ऑफर के लिए इस्तेमाल करने का था।

पिछले साल डिलिस्टिंग फेल हो गया था

इससे पहले कंपनी दिसंबर में ब्लॉक डील के तहत अपनी हिस्सेदारी 50.14% से बढ़ाकर 55.04% की थी। वहीं, अक्टूबर में माइनिंग कंपनी वेदांता की डिलिस्टिंग फेल हो गई थी, क्योंकि इसके लिए कंपनी को 134 करोड़ शेयरों की जरूरत थी, लेकिन केवल 126 करोड़ शेयरों पर ही बिड मिली थी।